कोलकाता के ईडन गार्डन्स की पिच को लेकर मचे विवाद पर अब आईसीसी की आधिकारिक राय सामने आ गई है। भारत और दक्षिण अफ्रीका के बीच खेले गए पहले टेस्ट मैच की पिच को आईसीसी मैच रेफरी और वेस्टइंडीज के पूर्व कप्तान रिची रिचर्डसन ने “संतोषजनक” करार दिया है। यह मुकाबला 14 से 16 नवंबर के बीच खेला गया था और सिर्फ तीन दिन में खत्म हो गया था, जिसमें दक्षिण अफ्रीका ने 30 रन से जीत दर्ज की थी।
बता दें कि इस मैच में दोनों टीमों के बल्लेबाज संघर्ष करते नजर आए थे। दक्षिण अफ्रीका की टीम पहली पारी में 159 और दूसरी पारी में 153 रन पर सिमट गई थी, जबकि भारतीय टीम 189 और 93 रन ही बना सकी थी। लक्ष्य का पीछा करते हुए भारत तीसरे दिन ही ढेर हो गया था। इस मैच में एकमात्र अर्धशतक दक्षिण अफ्रीका के कप्तान टेम्बा बावुमा ने लगाया था, जिन्होंने मुश्किल हालात में 136 गेंदों पर नाबाद 55 रन बनाए थे।
मौजूद जानकारी के अनुसार, पिच पर असमान उछाल और तेज टर्न देखने को मिला, जिससे बल्लेबाजों को काफी परेशानी हुई। भारतीय तेज गेंदबाज जसप्रीत बुमराह ने पहली पारी में 27 रन देकर पांच विकेट लिए, वहीं दक्षिण अफ्रीका के अनुभवी स्पिनर साइमन हार्मर ने मैच में कुल आठ विकेट झटके। मार्को यानसेन और रवींद्र जडेजा ने भी अहम भूमिका निभाई।
गौरतलब है कि इस सीरीज का दूसरा और आखिरी टेस्ट गुवाहाटी में खेला गया, जहां की पिच को आईसीसी ने ‘बहुत अच्छी’ रेटिंग दी। उस मुकाबले में दक्षिण अफ्रीका ने भारत को 408 रनों से हराकर 2-0 से सीरीज अपने नाम की, जो भारत में उसकी 25 साल बाद पहली टेस्ट सीरीज जीत रही।
दिलचस्प बात यह भी रही कि इसी दौरान ऑस्ट्रेलिया और इंग्लैंड के बीच मेलबर्न में खेले गए बॉक्सिंग डे टेस्ट की पिच को आईसीसी ने ‘असंतोषजनक’ करार देते हुए एक डिमेरिट पॉइंट दिया।
भारतीय टीम के मुख्य कोच गौतम गंभीर ने ईडन गार्डन्स की पिच का बचाव करते हुए कहा कि विकेट में कोई ‘दोष’ नहीं था और यह तकनीक व मानसिक मजबूती की परीक्षा थी। वहीं, बल्लेबाजी कोच सितांशु कोटक ने इससे अलग राय रखते हुए कहा कि पिच उम्मीद से ज्यादा सूखी और टूटती हुई थी, जिससे जल्दी टर्न मिलने लगा।

